होली पर मातम-घर पहुंची लाशें, दो लाशें घर पहुंची तो पड़ौस ही नहीं पूरे इलाके में होली पर मातम पसर गया। जिन दो युवकों की लाशें घर पहुंची हैं वो दोनों अपनी दादी के अंतिम संस्कार में शामिल होने को बिजनौर के चांदपुर के मोहल्ला सराय रफी आए थे। तभी गंगा में डूब गए। एनडीआरएफ और पीएसी के गोताखोर उनकी तलाश में लगे थे। बुधवार रात 15 वर्षीय सिद्धार्थ का शव गंगा से बरामद कर लिया गया है। स्वजन के आग्रह पर पुलिस ने शव को बिना पोस्टमार्टम के सौंप दिया है। स्वजन ने गुरुवार सुबह शव का अंतिम संस्कार कर दिया है। वहीं तहेरे भाई नरदेव का शव गुरुवार सुबह बरामद हो गया है। होली पर मातम-घर पहुंची लाशें, शव घाट के आसपास ही मिले हैं। दोनों के शव मिलने से होली का त्योहार मातम में बदल गया है। स्वजन का रो-रोकर बुरा हाल है। सोमवार को दादी के अंतिम संस्कार में आए दो पोते गंगा बैराज पर नहाते समय डूब गए थे, उन्हें बचाने का प्रयास किया गया, लेकिन सफलता नहीं मिली। सूचना पर पुलिस और गोताखोर मौके पर पहुंचे थे। इस घटना से स्वजन में कोहराम मच गया था। डूबने वाला किशोर आठवीं का छात्र था। चांदपुर के मोहल्ला सराय रफी निवासी रामरती की मौत हो गई थी। सोमवार शाम को रामरती के स्वजन शव को अंतिम संस्कार के लिए बैराज पर लाए थे। अंतिम संस्कार के दौरान वृद्धा के पोते 28 वर्षीय नरदेव पुत्र महेंद्र और उनका चचेरा भाई 15 वर्षीय सिद्धार्थ पुत्र बनवारी गंगा में नहाने लगे। नहाते समय वह गहरे पानी में चले गए। अचानक वह डूब गए। शोर मचाने पर स्वजन ने बचाने का प्रयास किया, लेकिन दोनों अंदर में चले गए। दोनों डूब गए। दोनों चचेरे-तहेरे भाई हैं। इस पर स्वजन में कोहराम मच गया। सूचना पर बैराज चौकी इंचार्ज उमेश कुमार मौके पर पहुंच गए। @Back To Home

Share

By editor1

Leave a Reply

Your email address will not be published.